
*जशपुर/रायपुर, 10 मई 2026:* सोशल मीडिया के जरिए अब अधिवक्ता समाज ने अपनी पीड़ा शासन तक पहुंचाई है। जशपुर नगर के अधिवक्ता रामप्रकाश पांडेय ने फेसबुक पोस्ट के माध्यम से मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय को खुला पत्र लिखकर ग्रामीण, नवोदित और 60 वर्ष से ऊपर के वरिष्ठ अधिवक्ताओं के कल्याण के लिए 11 सूत्री मांगें रखी हैं। पोस्ट की प्रतिलिपि विधि मंत्री अरुण साव को भी टैग की गई है।
*पोस्ट में क्या लिखा:*
रामप्रकाश पांडेय ने लिखा है कि अधिवक्ता लोकतंत्र और न्याय व्यवस्था का महत्वपूर्ण स्तंभ हैं, लेकिन ग्रामीण और नवोदित वकीलों की स्थिति चिंताजनक है। कई वकील सीमित आय, असुरक्षित भविष्य और स्वास्थ्य सुविधाओं के अभाव से जूझ रहे हैं। कोविड काल में अधिवक्ता समाज ने भारी आर्थिक संकट झेला था।

*11 सूत्री मांगें:*
1. अधिवक्ताओं के लिए व्यापक स्वास्थ्य बीमा योजना लागू हो।
2. आर्थिक रूप से कमजोर, नवोदित और 60 वर्ष से ऊपर के वरिष्ठ अधिवक्ताओं को मासिक सहायता राशि मिले।
3. वरिष्ठ अधिवक्ताओं के लिए सम्मानजनक पेंशन योजना शुरू हो।
4. अधिवक्ताओं के बच्चों के लिए छात्रवृत्ति योजना लागू हो।
5. आकस्मिक मृत्यु या दुर्घटना की स्थिति में विशेष सहायता निधि बने।
6. जिला न्यायालयों में अधिवक्ताओं के लिए पुस्तकालय, बैठने और डिजिटल सुविधाओं का विस्तार हो।
7. महिला अधिवक्ताओं के लिए विशेष सुरक्षा और मातृत्व सहायता योजनाएं शुरू हों।
8. अधिवक्ता कल्याण निधि में राज्य शासन का योगदान बढ़े।
9. केंद्रीय विद्यालयों में अधिवक्ताओं के बच्चों का एडमिशन सुलभ हो।
10. अधिवक्ताओं को भी पुलिस कैंटीन की सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं।
11. अधिवक्ताओं को टोल टैक्स से छूट दी जाए।
रामप्रकाश पांडेय ने कहा कि यदि अधिवक्ताओं का सामाजिक और आर्थिक सुरक्षा कवच मजबूत होगा, तो न्याय व्यवस्था भी अधिक प्रभावी और सशक्त बनेगी। उन्होंने CM से जनहित में उपरोक्त मांगों पर सहानुभूतिपूर्वक विचार कर आवश्यक कार्रवाई की अपील की है।
_फेसबुक पोस्ट के बाद अधिवक्ता समाज में चर्चा तेज है। अब देखना होगा कि शासन इस पर क्या रुख अपनाता है।_
